PHONE : +91-011-23626019
(M) 09811186005
Email : crimehilore@gmail.com ,
editor.crimehilore@gmail.com


Breaking News
जनेश्वर के दिखाये रास्ते समाजवाद को आगे बढ़ा रहे हैं अखिलेश- आर.एस. यादव

जनेश्वर के दिखाये रास्ते समाजवाद को आगे बढ़ा रहे हैं अखिलेश- आर.एस. यादव

समाजवादी पार्टी दिल्ली प्रदेश ने छोटे लोहिया के नाम से विख्यात समाजवादी नेता जनेश्वर मिश्र की दसवीं पुण्यतिथि पर काॅन्स्टीट्यूशन क्लब आॅफ इंडिया में बुधवार को एक विचारगोष्ठी का आयोजन किया। इस मौके पर बोलते हुए पार्टी के वरिष्ठ नेता आर.एस. यादव ने कहा कि जनेश्वर मिश्र समाजवादी विचारक होने के साथ-साथ राजनीतिक शुचिता, संघर्ष और वैचारिक प्रतिबद्धता के लिये जाने जाते हैं। उन्होंने कहा कि जनेश्वर मिश्र जी ने राजनीति में रहते हुए अपने आचरण, विचार और निष्काम कर्म के मूल्यों को हमेशा सबसे ऊपर रखा। उन्होंने छात्र जीवन में डाॅ. लोहिया को अपनाया और जीवन के अंतिम क्षण तक लोहियावादी बने रहे। इसलिये उन्हें छोटे लोहिया के नाम से भी जाना जाता है।

आर.एस. यादव ने कहा कि जनेश्वर मिश्र अपने नाम के अनुरूप ‘जन ईश्वर’ थे और वह आजीवन समाज के कमजोर वर्ग के उत्थान के लिये संघर्ष करते रहे। उन्होंने कहा कि जनेश्वर का मानना था कि जिस व्यक्ति के विचार, आचरण व निष्काम कर्मयुक्त संघर्ष की जब तक समाज में आवश्यकता होगी, तब तक वह जीवित ही रहेगा, प्रासंगिक रहेगा। वह जनोपयोगी विकास को ही उपयोगी मानते थे। उनका मानना था कि शहरों और सड़कों के विकास के साथ-साथ आमजन के जीवनस्तर, शिक्षा, स्वास्थ्य और समाज का विकास करना बेहद जरूरी है। वह कहा करते कि जन उपयोगी विकास तब होगा, जब सरकारें व्यवसाय के संस्कार से मुक्त होंगी।

आर.एस. यादव ने कहा कि जनेश्वर मिश्र मानते थे कि देशवासियों में अपने वादों एवं उपलब्धियों के प्रति उन्माद फैलाने का काम न करके, बल्कि नागरिकों को जागरूक करना सरकारों का काम है। क्योंकि, उन्माद से जोश भरा जा सकता है, सही को गलत और गलत को सही किया जा सकता है, लेकिन उन्माद के बाद का नाद विध्वंसक होता है, जैसा कि आज हम अपने चारों तरफ देख रहे हैं। आर.एस. यादव ने कहा कि हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव जी युवा हैं। वह समाजवादी संस्कारों में ही पले बढ़े हैं। यह हम सब के लिये सौभाग्य की बात है कि अखिलेश जी को समाजवादी पुरोधा व हमारी पार्टी के मार्गदर्शक धरतीपुत्र मुलायम सिंह यादव जी का सतत मार्गदर्शन मिल रहा है। अखिलेश यादव जनेश्वर के दिखाये रास्ते पर समाजवाद को आगे बढ़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह जी जनेश्वर जी बहुत ही प्रभावित थे। उन्होंने कहा कि जनेश्वर जी की राजनीति से यही पता चलता है कि राजनीति दो प्रकार की होती है। एक व्यावहारिक और दूसरा अध्यात्मिक। व्यावहारिक राजनीति देश-काल के अनुसार चला करती है, जो क्षणिक व आदर्श विहीन होती है, जबकि दूसरी अध्यात्मिक राजनीति वैचारिक व मानवता के उत्थान के लिये देश-काल से परे, सर्वकालीन हुआ करती है।

इस मौके पर बोलते हुए जेएनयू के प्रोफेसर आनंद ने कहा कि आर.एस. यादव दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में समाजवाद की उम्मीदों का टिमटिमाता दिया हैं। उन्होंने कहा कि समाजवादी विचारधारा को मानने वाले लोग जाति-धर्म, गरीबी-अमीरी से ऊपर उठकर लोगों की मदद करते हैं। उन्होंने कहा कि जब भी दिल्ली या देश के किसी भी हिस्से में आर.एस. यादव ऐसे किसाी कार्यक्रम में बुलायेंगे, वह उसमें अवश्य शामिल होंगे। कुर्बान अली ने कहा कि 1857 से लेकर 1947 तक के एक भी आंदोलन में वर्तमान सरकार में शामिल लोगों और उनके पुरखों का कोई योगदान नहीं था। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने देश के लिये अपना सब कुछ लुटाया आज सत्ता में बैठे लोग उनकी नागरिकता पूछ रहे हैं औश्र उनकी निष्ठा पर संदेह किया जा रहा है।

इस मौके पर आचार्य येशी फुन्सोक, वरिष्ठ पत्रकार शेष नारायण सिंह, डाॅ भगवान सिंह, जितेन्द्र तिवारी, वरिष्ठ पत्रकार उमेश चतुर्वेदी डाॅ. सुनीलम, पूर्व मंत्री शंकर सुहेल, डाॅ. अंबुज, शंकर शरण तिवारी ने भी जनेश्वर मिश्र के व्यक्तित्व, उनकी राजनीति पर अपने उद्गार प्रकट किये। कार्यक्रम का संचालन विनोद सिंह ने किया।

ShareShare on Google+0Pin on Pinterest0Share on LinkedIn0Share on Reddit0Share on TumblrTweet about this on Twitter0Share on Facebook0Print this pageEmail this to someone

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*


You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <strike> <strong>